NSP Scholarship 2026-27: अगर आप पिछले साल से केंद्र सरकार की PM-USP CSSS स्कॉलरशिप ले रहे हैं, तो इस साल भी पैसा तभी मिलेगा जब आप समय पर रिन्यूअल फॉर्म भरेंगे। नेशनल स्कॉलरशिप पोर्टल (NSP) पर PM-USP CSSS का रिन्यूअल आवेदन शुरू है और छात्रों के लिए आवेदन की अंतिम तारीख 31 अक्टूबर 2026 बताई गई है। आखिरी दिन के लिए फॉर्म छोड़ देना सबसे बड़ी गलती होती है, क्योंकि उस समय पोर्टल धीमा हो जाता है और गलती सुधारने का मौका भी कम मिलता है।
इस लेख में हम आसान हिंदी में समझेंगे कि यह स्कॉलरशिप क्या है, रिन्यूअल किसे करना है, कितनी राशि मिलती है, कौन से दस्तावेज चाहिए और NSP पर फॉर्म कैसे भरना है।
NSP PM-USP CSSS रिन्यूअल 2026-27: एक नज़र में
नीचे दी गई तालिका में पूरी जानकारी का सार है।
| विषय | जानकारी |
|---|---|
| पोर्टल का नाम | नेशनल स्कॉलरशिप पोर्टल (NSP) |
| योजना का नाम | PM-USP केंद्रीय क्षेत्र छात्रवृत्ति योजना (CSSS), मेरिट आधारित |
| शैक्षणिक सत्र | 2026-27 |
| आवेदन का प्रकार | रिन्यूअल (नवीनीकरण) |
| छात्र आवेदन की अंतिम तारीख | 31 अक्टूबर 2026 |
| संस्थान सत्यापन की अंतिम तारीख | 15 नवंबर 2026 |
| L2 सत्यापन की अंतिम तारीख | 30 नवंबर 2026 |
| आवेदन का तरीका | ऑनलाइन |
| आधिकारिक वेबसाइट | scholarships.gov.in |
ये तारीखें NSP के छात्र अनुभाग की सूचना के आधार पर दी गई हैं। पोर्टल पर तारीख बदल भी सकती है, इसलिए फॉर्म भरने से पहले एक बार वेबसाइट जरूर देख लें।
PM-USP CSSS स्कॉलरशिप क्या है
PM-USP का पूरा नाम प्रधानमंत्री उच्चतर शिक्षा प्रोत्साहन योजना है। इसके तहत शिक्षा मंत्रालय, भारत सरकार कॉलेज और विश्वविद्यालय के पढ़ाई में अच्छे छात्रों को आर्थिक मदद देता है। इसे पहले केंद्रीय क्षेत्र छात्रवृत्ति योजना यानी CSSS के नाम से जाना जाता था।
योजना का मकसद साफ है। जो छात्र पढ़ाई में अच्छे हैं लेकिन परिवार की आमदनी कम है, उन्हें कॉलेज की पढ़ाई के खर्च में सहारा मिले। आधिकारिक दिशानिर्देशों के अनुसार हर साल अधिकतम 82,000 नई स्कॉलरशिप दी जाती हैं और इनमें से 50 प्रतिशत लड़कियों के लिए तय होती हैं।
रिन्यूअल का मतलब क्या है और किसे करना है
यह स्कॉलरशिप एक ही बार में खत्म नहीं होती। एक बार चयन होने के बाद आपको हर साल अपनी स्कॉलरशिप आगे बढ़ानी पड़ती है। इसी प्रक्रिया को रिन्यूअल कहते हैं।
रिन्यूअल उन छात्रों को करना है जिन्हें पहले से PM-USP CSSS स्कॉलरशिप मिल चुकी है और जो अगले साल भी उसका लाभ लेना चाहते हैं। यह लेख इन्हीं छात्रों के लिए है। नए छात्र यानी फ्रेश आवेदक अपनी अलग प्रक्रिया से आवेदन करते हैं।
अगर आप पिछले साल पहली बार चुने गए थे, तो इस साल आपका पहला रिन्यूअल होगा। अगर आप दूसरे या तीसरे साल में हैं, तो भी हर साल रिन्यूअल फॉर्म भरना जरूरी है।
स्कॉलरशिप राशि कितनी मिलती है
आधिकारिक FAQ के अनुसार राशि पढ़ाई के स्तर पर निर्भर करती है।
| पढ़ाई का स्तर | सालाना राशि |
|---|---|
| ग्रेजुएशन के पहले तीन साल | ₹12,000 प्रति वर्ष |
| पोस्ट ग्रेजुएशन स्तर | ₹20,000 प्रति वर्ष |
कुछ पांच साल के इंटीग्रेटेड या प्रोफेशनल कोर्स में बाद के सालों की राशि अलग हो सकती है। अपने कोर्स के हिसाब से सही राशि जानने के लिए NSP पर उपलब्ध योजना की गाइडलाइन जरूर पढ़ें। यह पैसा सीधे आपके बैंक खाते में DBT के जरिए आता है।
रिन्यूअल के लिए पात्रता और शर्तें
रिन्यूअल सिर्फ उन्हीं का होगा जो नीचे की शर्तें पूरी करते हैं।
- आपको पहले से PM-USP CSSS स्कॉलरशिप मिल रही हो या मिल चुकी हो।
- पिछली सालाना परीक्षा में कम से कम 50 प्रतिशत अंक आए हों।
- कॉलेज या संस्थान में कम से कम 75 प्रतिशत उपस्थिति रही हो।
- आप किसी मान्यता प्राप्त कॉलेज या विश्वविद्यालय में नियमित पढ़ाई कर रहे हों।
- आपका संस्थान NSP पर सही तरीके से जुड़ा और मैप्ड हो।
फ्रेश आवेदन के लिए पारिवारिक आय की सीमा 4.5 लाख रुपये सालाना रखी गई है। दिशानिर्देशों में बताया गया है कि आय प्रमाण पत्र केवल नए आवेदकों से मांगा जाता है, रिन्यूअल में आमतौर पर इसकी जरूरत नहीं होती। फिर भी पोर्टल जो मांगे, वही दस्तावेज लगाएं।
एक जरूरी बात और। अगर आप किसी दूसरी स्कॉलरशिप या फीस रिइंबर्समेंट का लाभ ले रहे हैं, तो नियम पहले पढ़ लें, क्योंकि कुछ मामलों में एक साथ लाभ लेने की अनुमति नहीं होती।
रिन्यूअल के लिए जरूरी दस्तावेज
फॉर्म भरने बैठने से पहले ये चीजें तैयार रखें। इससे आपका काम 15 से 20 मिनट में हो सकता है।
| दस्तावेज | क्यों जरूरी है |
|---|---|
| पिछले साल की मार्कशीट | 50 प्रतिशत अंक की शर्त जांचने के लिए |
| आधार कार्ड | पहचान और e-KYC के लिए |
| बैंक पासबुक या खाते की जानकारी | स्कॉलरशिप का पैसा सीधे खाते में भेजने के लिए |
| कॉलेज का पहचान पत्र या एडमिशन प्रमाण | संस्थान की पुष्टि के लिए |
| NSP आवेदन आईडी और पासवर्ड | पोर्टल पर लॉगिन करने के लिए |
| रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर | OTP और संदेश पाने के लिए |
बैंक खाते के बारे में खास ध्यान दें। खाता आपके नाम पर होना चाहिए, चालू हालत में होना चाहिए और आधार से जुड़ा होना चाहिए। गलत या बंद खाता होने पर पैसा अटक सकता है।
NSP पर PM-USP CSSS रिन्यूअल कैसे करें
नीचे की प्रक्रिया क्रम से अपनाएं।
- अपने ब्राउज़र में scholarships.gov.in खोलें।
- छात्र अनुभाग में जाकर लॉगिन विकल्प चुनें।
- अपनी आवेदन आईडी या OTR से जुड़ी जानकारी और पासवर्ड डालकर लॉगिन करें। पासवर्ड भूल गए हों तो पोर्टल पर पासवर्ड रीसेट का विकल्प मिलता है।
- अपनी प्रोफाइल खोलें और नाम, जन्मतिथि, मोबाइल नंबर और बैंक की जानकारी जांच लें।
- रिन्यूअल के लिए योजना चुनें। यहां सही योजना यानी PM-USP Central Sector Scheme of Scholarship for College and University Students (CSSS) चुनना जरूरी है।
- शैक्षणिक जानकारी भरें। इसमें पिछले साल के अंक, मौजूदा कोर्स और साल की जानकारी होती है।
- जहां पोर्टल मांगे, वहां मार्कशीट और अन्य दस्तावेज अपलोड करें।
- अगर पोर्टल आधार आधारित सत्यापन या फेस ऑथेंटिकेशन मांगे, तो उसे पूरा करें।
- पूरा फॉर्म एक बार ध्यान से पढ़ें और फिर फाइनल सबमिट करें।
- सबमिट के बाद आवेदन की पावती या एप्लीकेशन स्लिप डाउनलोड करके सुरक्षित रख लें।
सबमिट बटन दबाने से पहले हर जानकारी दोबारा जांच लें। एक बार फाइनल सबमिट होने के बाद बदलाव करना आसान नहीं होता।
आवेदन से पहले इन बातों की जांच जरूर कर लें
छोटी सी गलती से भी फॉर्म डिफेक्टिव हो सकता है। इसलिए ये बातें पहले देख लें।
- आपके आधार और मार्कशीट में नाम की स्पेलिंग एक जैसी हो।
- मोबाइल नंबर चालू हो और OTP आ रहा हो।
- बैंक खाता आधार से लिंक हो।
- अपलोड की जाने वाली फाइल साफ और पढ़ने लायक हो।
- कॉलेज का नाम और कोड NSP पर सही दिख रहा हो।
- कोर्स का साल सही चुना गया हो।
अगर आपका कॉलेज NSP पर सही से जुड़ा नहीं है, तो अपने संस्थान के नोडल अधिकारी से तुरंत संपर्क करें। यह काम आवेदन की आखिरी तारीख से पहले ही निपटाना बेहतर है।
आवेदन के बाद सत्यापन और भुगतान की प्रक्रिया
फॉर्म सबमिट करना आधी प्रक्रिया है। बाकी आधी प्रक्रिया सत्यापन की होती है।
| चरण | क्या होता है | अंतिम तारीख |
|---|---|---|
| छात्र आवेदन | आप ऑनलाइन फॉर्म सबमिट करते हैं | 31 अक्टूबर 2026 |
| संस्थान सत्यापन (L1) | आपका कॉलेज आपकी जानकारी जांचता है | 15 नवंबर 2026 |
| L2 सत्यापन | उच्च स्तर पर जांच होती है | 30 नवंबर 2026 |
| भुगतान | मंजूरी के बाद राशि खाते में आती है | पोर्टल पर स्थिति देखें |
छात्र को सिर्फ फॉर्म नहीं भरना है, बल्कि अपने कॉलेज से भी संपर्क में रहना है। कई बार छात्र फॉर्म भर देते हैं, पर कॉलेज समय पर सत्यापन नहीं करता और बाद में परेशानी होती है। इसलिए फॉर्म भरने के कुछ दिन बाद कॉलेज के स्कॉलरशिप विभाग से पूछ लें कि आपका आवेदन देखा गया या नहीं।
आवेदन की स्थिति कैसे जांचें
NSP पर लॉगिन करने के बाद आप अपने आवेदन की स्थिति देख सकते हैं। आमतौर पर स्थिति इन रूपों में दिखती है।
- सबमिटेड: आपका फॉर्म जमा हो चुका है।
- संस्थान द्वारा सत्यापित: कॉलेज ने आपकी जानकारी सही मान ली है।
- डिफेक्टिव: कोई कमी पाई गई है, जिसे सुधारना होगा।
- रिजेक्ट: आवेदन किसी कारण से स्वीकार नहीं हुआ।
अगर आपके आवेदन में डिफेक्ट लिखा आए, तो घबराएं नहीं। डिफेक्ट का कारण खोलकर पढ़ें, जरूरी सुधार करें और तय समय के भीतर दोबारा सबमिट करें।
रिन्यूअल में छात्र अक्सर कौन सी गलतियां करते हैं
- आखिरी तारीख का इंतजार करना और अंतिम दिन फॉर्म भरने बैठना।
- गलत योजना चुन लेना।
- मार्कशीट की धुंधली फोटो अपलोड करना।
- बैंक खाते की जानकारी गलत भर देना।
- मोबाइल नंबर बदल जाने के बाद अपडेट न करना।
- फॉर्म भरने के बाद कॉलेज से सत्यापन की जानकारी न लेना।
- नकली या अनधिकृत वेबसाइट पर जानकारी डाल देना।
आखिरी बात पर खास ध्यान दें। स्कॉलरशिप के नाम पर कई फर्जी वेबसाइट और सोशल मीडिया पेज चलते हैं। आवेदन सिर्फ scholarships.gov.in पर ही करें और किसी को पैसे देने की जरूरत नहीं होती।
फ्रेश आवेदन और रिन्यूअल में अंतर
| बिंदु | फ्रेश आवेदन | रिन्यूअल |
|---|---|---|
| किसके लिए | पहली बार आवेदन करने वाले | पहले से स्कॉलरशिप पा रहे छात्र |
| आय प्रमाण पत्र | आम तौर पर जरूरी | आम तौर पर जरूरी नहीं |
| अंकों की शर्त | मेरिट के आधार पर चयन | पिछली परीक्षा में कम से कम 50 प्रतिशत |
| उपस्थिति | लागू नहीं माना जाता | कम से कम 75 प्रतिशत |
| पिछले साल की मार्कशीट | आमतौर पर जरूरी नहीं | जरूरी |
यह तुलना आधिकारिक दिशानिर्देशों की मुख्य बातों पर आधारित है। अपनी स्थिति के हिसाब से पोर्टल पर दिख रहे नियम ही अंतिम माने जाएंगे।
समय पर रिन्यूअल कराने के आसान टिप्स
पहली टिप, आज ही अपना लॉगिन चेक कर लें। अगर पासवर्ड या मोबाइल नंबर की दिक्कत है, तो उसे सुधारने में समय लग सकता है।
दूसरी टिप, सारे दस्तावेज एक फोल्डर में स्कैन करके रखें। फाइल का साइज पोर्टल की सीमा के भीतर रखें।
तीसरी टिप, फॉर्म भरते समय इंटरनेट अच्छा चलने वाली जगह चुनें, ताकि बीच में सेशन खत्म न हो।
चौथी टिप, फॉर्म सबमिट करने के बाद उसकी स्लिप का PDF और स्क्रीनशॉट दोनों रख लें।
पांचवीं टिप, कॉलेज के नोडल अधिकारी का नंबर अपने पास रखें और सत्यापन की तारीख से पहले एक बार बात कर लें।
छठी टिप, पोर्टल की सूचनाएं बीच बीच में पढ़ते रहें, क्योंकि तारीख या नियम में बदलाव की जानकारी वहीं सबसे पहले आती है।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQ)
PM-USP CSSS रिन्यूअल की अंतिम तारीख क्या है?
NSP के छात्र अनुभाग की सूचना के अनुसार छात्र आवेदन की अंतिम तारीख 31 अक्टूबर 2026 है। संस्थान सत्यापन की तारीख 15 नवंबर 2026 और L2 सत्यापन की तारीख 30 नवंबर 2026 बताई गई है।
रिन्यूअल किन छात्रों को करना है?
जिन छात्रों को पहले से PM-USP CSSS स्कॉलरशिप मिल रही है और जो अगले साल भी इसका लाभ लेना चाहते हैं।
रिन्यूअल के लिए कितने अंक और उपस्थिति चाहिए?
आधिकारिक दिशानिर्देशों के अनुसार सालाना परीक्षा में कम से कम 50 प्रतिशत अंक और कम से कम 75 प्रतिशत उपस्थिति जरूरी है।
क्या रिन्यूअल में आय प्रमाण पत्र लगाना पड़ेगा?
दिशानिर्देशों में आय प्रमाण पत्र केवल नए आवेदकों के लिए बताया गया है। फिर भी पोर्टल जो मांगे, वही दस्तावेज लगाएं।
रिन्यूअल मिस हो जाए तो क्या होगा?
गाइडलाइन में देरी से जुड़े अलग नियम दिए गए हैं और पूरी जानकारी योजना के दिशानिर्देश में उपलब्ध है। सबसे सुरक्षित तरीका यही है कि 31 अक्टूबर से पहले आवेदन कर दें।
स्कॉलरशिप का पैसा कैसे मिलता है?
मंजूरी के बाद राशि DBT के जरिए सीधे आपके आधार से जुड़े बैंक खाते में भेजी जाती है।
आवेदन में कोई गलती हो जाए तो क्या करें?
अगर आवेदन में डिफेक्ट का संदेश आए, तो पोर्टल पर कारण पढ़कर तय समय में सुधार करें और दोबारा सबमिट करें।
क्या आवेदन के लिए कोई फीस लगती है?
NSP पर आवेदन के लिए किसी को पैसे देने की जरूरत नहीं होती। पैसे मांगने वाली किसी भी वेबसाइट या व्यक्ति से सावधान रहें।
आधिकारिक जानकारी कहां देखें
योजना की सबसे सही और ताज़ा जानकारी नेशनल स्कॉलरशिप पोर्टल (scholarships.gov.in) पर ही मिलती है। वहां के छात्र अनुभाग में घोषणाएं, योजना की गाइडलाइन और FAQ उपलब्ध हैं। किसी भी सवाल के लिए अपने कॉलेज के नोडल अधिकारी से भी संपर्क किया जा सकता है।
आखिर में बात यही है कि रिन्यूअल में देरी का कोई फायदा नहीं है। अगर आप पात्र हैं, तो आज ही दस्तावेज इकट्ठा करें, फॉर्म भरें और अपने कॉलेज से सत्यापन की पुष्टि कर लें। ऐसा करने से आपकी अगले साल की स्कॉलरशिप बिना रुकावट के चलती रहेगी।
डिस्क्लेमर
यह लेख केवल सामान्य जानकारी के उद्देश्य से तैयार किया गया है और यह कोई सरकारी वेबसाइट या सरकारी संस्था नहीं है। जानकारी NSP पोर्टल और उपलब्ध आधिकारिक दिशानिर्देशों के आधार पर 14 अक्टूबर 2026 तक जांची गई है। तारीखें, नियम और पात्रता में बदलाव हो सकता है। आवेदन करने से पहले scholarships.gov.in पर ताज़ा सूचना जरूर देखें। लेख में दी गई जानकारी के आधार पर होने वाले किसी भी नुकसान की जिम्मेदारी लेखक या वेबसाइट की नहीं होगी।






